दिव्या न्यूज़ :-नई पीढ़ी और नया तरीका। जेन-जी का आंदोलन सफल। आंदोलन से बड़ी कार्रवाई ही नहीं हुई, बहुत कुछ पहली बार घटा है। विभागों में भी बड़े पैमाने पर सफाई हुई है। सीजेपी ने कहा कि यह तो ट्रेलर, युवाओं के मुद्दे उठाते रहेंगे।सुप्रीम कोर्ट की युवाओं के संदर्भ में कॉकरोच वाली टिप्पणी के विवाद से पैदा हुई कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) पार्टी ने 36 दिन के आंदोलन में ही शिक्षा मंत्रालय से जुड़े पूरे तंत्र की ‘सफाई’ कर दी है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद सीजेपी ने कहा कि यह तो सिर्फ एक ट्रेलर है, पूरी पिक्चर अभी बाकी है। देश का युवा जाग चुका है।जंतर-मंतर से विरोध प्रदर्शन वापस लेने के बाद सीजेपी प्रवक्ता सौरव दास ने कहा, लोकतंत्र में जवाबदेही सबसे जरूरी है। युवा देश के भविष्य हैं, वे इसे बहाल करने में सफल रहे हैं। यह बड़ी जीत है। युवाओं ने इस आंदोलन को वापस ले लिया है।
दास ने कहा, कृपया उस तरीके को बंद करें, जिससे आप मुस्लिम-विरोधी, ईसाई-विरोधी राजनीति करके शासन करते हैं। कृपया छात्रों सहित हर समुदाय के कल्याण के लिए काम करें, तभी आपको लोगों का भरोसा मिलेगा। युवा इस देश की सभी समस्याओं का समाधान करेगा।जेन-जी ने शर्तों पर की बात
यह भी पहला मौका है जब देश के शीर्ष राजनीतिक नेतृत्व ने जेन-जी नेताओं के साथ औपचारिक वार्ता की मेज पर बैठकर मांगों पर बिंदुवार फैसले लिए।
किसी गैर-राजनीतिक दल का इस तरह सरकार से अपनी शर्तों पर बात करना भी इस आंदोलन का एक असामान्य पहलू रहा। सरकार ने पेपर लीक में जान गवाने वाले बच्चों के परिवारों को एक करोड़ रुपये मुआवजा देने के लिए सैद्धांतिक सहमति जताई है और इसे राष्ट्रीय जवाबदेही माना है।

